IPO लाने से पहले OYO के 500 से अधिक कर्मचारियों ने कंपनी के करीब 3 करोड़ शेयर खरीदे

OYO के 500 से अधिक कर्मचारियों और पूर्व कर्मचारियों ने ESOPs का इस्तेमाल करते हुए करीब 330 करोड़ रुपये के शेयर खरीद हैं

हॉस्पिटैलिटी फर्म ओयो (OYO) के 500 से अधिक कर्मचारियों और पूर्व कर्मचारियों ने एंप्लॉयी स्टॉक ऑप्शन प्रोग्राम (ESOP) का इस्तेमाल करते हुए कंपनी के तीन करोड़ से अधिक शेयर खरीदे हैं। इसकी कुल वैल्यू करीब 330 करोड़ रुपये है। कर्मचारियों ने यह खरीदारी ऐसे समय में की है, जब OYO अपना इनीशियर पब्लिक ऑफर (IPO) लाने में जुटी हुई है।

भारत के साथ विदेशों में भी होटल चेन चलाने वाली OYO ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि कंपनी के एंप्लॉयी स्टॉक ऑप्शन प्रोग्राम (ESOP) के तहत मौजूदा और पूर्व कर्मचारियों ने उसके तीन करोड़ से अधिक शेयर खरीदे हैं। बता दें कि कोरोना महामारी के दौरान वेतन कटौती और कर्मचारियों को अस्थायी तौर पर छुट्टी पर भेजने के दौरान OYO ने कम मूल्य पर कर्मचारियों ESOPs ऑफर किया था।

कंपनी ने पिछले साल टेक्नोलॉजी कंपनी माइक्रोसॉफ्ट से 50 लाख डॉलर जुटाए थे। इस दौरान OYO की वैल्यूएशन 9.6 अरब डॉलर आंकी गई थी। ओयो का ऑपेरशन देखने वाली कंपनी ओरैवेल स्टेज लि. के मौजूदा और पूर्व कर्मचारियों ने लगभग 330 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर खरीदे हैं। इस बारे में संपर्क किए जाने पर OYO के प्रवक्ता ने कुछ भी कहने से मना कर दिया।

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ओयो ने एक अक्टूबर को IPO के जरिए 8,430 करोड़ रुपये जुटाने के लिए SEBI के पास ड्राफ्ट पेपर जमा किए थे। इसे अभी SEBI की तरफ से मंजूरी मिलना बाकी है। ओयो ने बताया कि कंपनी आईपीओ से मिली रकम का इस्तेमाल कर्ज चुकाने और एक्सपैंशन के लिए करेगी।

ओयो के फाउंडर रितेश अग्रवाल इस IPO में अपनी कोई हिस्सेदारी नहीं बेचेंगे। अग्रवाल के पास कंपनी में लगभग 34 प्रतिशत शेयरहोल्डिंग है। इसके अलावा लाइटस्पीड वेंचर पार्टनर्स, सिकोइया कैपिटल, Star Virtue Investment, ग्रीनओक्स कैपिटल और माइक्रोसॉफ्ट जैसे इनवेस्टर्स भी अपनी हिस्सेदारी नहीं बेचेंगे।

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