MedPlus Health Services का मार्केट में कल होगा आगाज, क्या इनवेस्टर्स को मिलेगा अच्छी लिस्टिंग का फायदा?

इनवेस्टर्स की तरफ मिली अच्छी डिमांड के चलते आईपीओ कुल 53 गुना सब्सक्राइब हुआ था

MedPlus Health Services IPO : स्टॉक मार्केट में कल यानी 23 दिसंबर को आगाज करने जा रही मेडप्लस हेल्थ सर्विसेज की इश्यू प्राइस की तुलना में 15 फीसदी पर लिस्टिंग होने का अनुमान है। मेडप्लस हेल्थ सर्विसेज भारत की दूसरी बड़ी रिटेल फार्मेसी चेन है।

विशेषज्ञों ने मजबूत फाइनेंशियल्स और बिजनेस मॉडल के साथ ही संगठित रिटेल फार्मेसी मार्केट के विकास के अनुमान पर प्रीमियम परफॉर्मैंस को खारिज किया है। हालांकि, वे लिस्टिंग पर बाजार के उतार-चढ़ाव के कुछ असर से इनकार नहीं कर रहे हैं।

क्यूआईबी में दिखा ज्यादा उत्साह

13-15 दिसंबर के दौरान तीन दिन के सब्सक्रिप्शन में, इनवेस्टर्स की तरफ मिली अच्छी डिमांड के चलते आईपीओ कुल 53 गुना सब्सक्राइब हुआ। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स का हिस्सा 112 गुना, जबकि इंस्टीट्यूशन इनवेस्टर्स का हिसा 85 गुना सब्सक्राइब हुआ। रिटेल इनवेस्टर्स और इम्प्लॉइज ने भी इश्यू में खासी दिलचस्पी दिखाई और उनकी तरफ से क्रमशः 5.23 और 3.05 गुना सब्सक्रिप्शन मिला।

1,398 करोड़ रुपये के इस आईपीओ में 600 करोड़ रुपये के नए इक्विटी शेयर और प्रमोटर व मौजूदा शेयरधारकों के 798 करोड़ रुपये के शेयरों के लिए बिक्री पेशकश (OFS) शामिल है। नए इश्यू से मिली धनराशि को कंपनी की सब्सिडियरी आप्टिवल की वर्किंग कैपिटल से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने में इस्तेमाल किया जाएगा।

ओमीक्रोन की वजह से रिकवरी हुई धीमी, वित्त वर्ष 2023 में हेल्दी ग्रोथ की उम्मीद: RBI दिसंबर MPC मिनट्स

क्या कहते हैं मार्केट एक्सपर्ट

क्यूआईबी और संपन्न लोगों की तरफ से मजबूत डिमांड को देखते हुए, मेहता इक्विटीज के वाइस प्रेसिडेंट (रिसर्च) प्रशांत तापसे को इसकी लगभग 975 रुपये से ऊपर मजबूत लिस्टिंग होने का अनुमान है, जो आईपीओ के प्राइस बैंड के अपर एंड से 22 फीसदी ज्यादा है।

तापसे ने कहा, “हालांकि, कंपनी के पैन इंडिया बिजनेस नेटवर्क और फार्मास्युटिकल, वेलनेस व एफएमसीजी सहित प्रोडक्ट्स की डायवर्सिफाइड रेंज को देखते हुए अच्छी लिस्टिंग उचित है।” उन्होंने कहा, “हमें लगता है कि अभी भारत में ऑर्गनाइज्ड रिटेल फार्मेसी अभी भी शुरुआती दौर में है और लंबे समय में इसमें अच्छा रिटर्न मिलने का अनुमान है।”

हेम सिक्योरिटीज की सीनियर रिसर्च एनालिस्ट आस्था जैन को मेडप्लस की 15 फीसदी से ज्यादा प्रीमियम पर लिस्टिंग होने का अनुमान है।

ग्रे मार्केट प्रीमियम

आईपीओ वाच और आईपीओ सेंट्रल के मुताबिक, ग्रे मार्केट (grey market) में मेडप्लस का शेयर 150-180 रुपये प्रीमियम पर कारोबार कर रहा है, जो 796 रुपये के आईपीओ प्राइस पर 18-22 फीसदी ज्यादा है। हालांकि, यह आईपीओ के लॉन्च के दिन के ग्रे मार्केट प्राइस की तुलना में कम है, जब यह 1,096 रुपये प्रति शेयर पर ट्रेड हो रहा था। इसकी वजह मुख्य रूप से सेकेंडरी मार्केट में कमजोरी मानी जा रही है।

बीपी वैल्थ के रिसर्च हेड स्वप्निल शाह ने कहा, “ग्रे मार्केट प्रीमियम को देखें तो मेडप्लस के प्रीमियम पर लिस्ट होने का अनुमान है। हालांकि, बाजार में उतार-चढ़ाव के चलते ग्रे मार्केट प्रीमियम में कमी आई है, जो इनवेस्टर्स के लिए स्टॉक में खरीदारी का एक मौका हो सकता है।”

31 दिसंबर से पहले आप निपटा लें अपने ये 5 काम, वरना नए साल में होगी परेशानी

तेजी से बढ़ा है कंपनी का प्रॉफिट

मेडप्लस ने वित्त वर्ष 2021 में 63.11 करोड़ रुपये का प्रॉफिट दर्ज किया था, जबकि वित्त वर्ष 2020 में यह महज 1.79 करोड़ रुपये था। इस अवधि में कंपनी का रेवेन्यू 2,870.6 करोड़ रुपये से बढ़कर 3,069.26 करोड़ रुपये हो गया है।

भारत की दूसरी बड़ी फार्मेसी रिटेलर है कंपनी

गंगादि मधुकर रेड्डी ने वर्ष 2006 में मेडप्लस की स्थापना की थी, जो कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर हैं। मेडप्लस वित्त वर्ष 21 में ऑपरेशन से रेवेन्यू और मार्च, 2021 तक स्टोर्स की संख्या के आधार पर भारत की दूसरी सबसे बड़ी फार्मेसी रिटेलर है। यह फार्मास्युटिकल और वेलनेस प्रोडक्ट्स व होम और पर्सनल केयर प्रोडक्ट्स जैसे एफएमसीजी गुड्स सहित कई तरह के प्रोडक्ट्स की पेशकश करती है। प्रमोटर्स गंगादि मधुकर रेड्डी, एजाइलमेड इन्वेस्टमेंट्स और लोन फुरो इन्वेस्टमेंट्स के पास कंपनी की 43.16 फीसदी हिस्सेदारी है।

सेल्स और नए स्टोर्स की बढ़ती संख्या पर निर्भर है ग्रोथ

हाल में रिपोर्टर्स से बातचीत करते हुए, रेड्डी ने कहा था कि कंपनी ग्रोथ उसकी सेल्स और हर साल जुड़ने वाले स्टोर्स की संख्या पर निर्भर करती है। उन्होंने कहा, “कोविड के बावजूद बीते साल हमने 350 स्टोर जोड़े थे और इस साल कोविड की दूसरे लहर में दो महीने के लॉकडाउन के बावजूद पहली छमाही में हमने 350 स्टोर जोड़े थे, जिसका मतलब है कि हम इस साल 700 नए स्टोर जोड़ लेंगे।” रेड्डी ने कहा कि रिटेल चेन प्राइवेट लेबल गुड्स से बिक्री बढ़ाने पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है।

डिसक्लेमर : मनीकंट्रोल पर इनवेस्टमेंट एक्सपर्ट्स के विचार और निवेश के टिप्स उनके अपने हैं, वेबसाइट या उसके मैनेजमेंट के नहीं। मनीकंट्रोल अपने यूजर्स को निवेश से जुड़े फैसले लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट्स से संपर्क करने की सलाह देते हैं।

यह भी पढ़े:  CMS Info Systems IPO: निवेशकों का फीका रिस्पॉन्स, आखिरी दिन तक 1.95 गुना सब्सक्राइब हुआ इश्यू
close